
लखनऊ।
राजधानी लखनऊ में साइबर ठगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक शातिर साइबर अपराधी ने खुद को युवती बताकर एक व्यक्ति को जाल में फंसाया और इन्वेस्टमेंट के नाम पर उससे 1 करोड़ 92 लाख रुपये की ठगी कर ली। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। जानकारी के अनुसार, आरोपी ने पीड़ित व्यक्ति से व्हाट्सऐप के जरिए संपर्क किया और खुद को “भाविका” नाम की युवती बताया। शुरुआती बातचीत दोस्ताना रही, जिसके बाद आरोपी ने पीड़ित का भरोसा जीत लिया। कुछ समय बाद उसने शेयर मार्केट और ऑनलाइन ट्रेडिंग में निवेश कर कम समय में मोटा मुनाफा कमाने का लालच दिया। आरोपी ने फर्जी निवेश प्लेटफॉर्म और ऐप के स्क्रीनशॉट भेजकर यह दिखाया कि पहले से निवेश करने वाले लोगों को अच्छा रिटर्न मिल रहा है। भरोसे में आए पीड़ित ने अलग-अलग किश्तों में अपने बैंक खातों से कुल 1.92 करोड़ रुपये ट्रांसफर कर दिए। जब पीड़ित ने मुनाफा निकालने की कोशिश की तो आरोपी ने बहाने बनाने शुरू कर दिए और फिर संपर्क पूरी तरह तोड़ लिया। ठगी का एहसास होने पर पीड़ित ने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई। मामले की जांच में जुटी पुलिस और साइबर सेल की टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, बैंक ट्रांजैक्शन और मोबाइल लोकेशन के आधार पर आरोपी की पहचान की। आरोपी की पहचान गाजी के रूप में हुई, जिसने महिला बनकर कई लोगों को ठगने की बात कबूल की है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी के खिलाफ आईटी एक्ट और धोखाधड़ी की धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। उससे पूछताछ में कई अन्य पीड़ितों और बड़े साइबर ठगी नेटवर्क का भी खुलासा होने की संभावना है। पुलिस आरोपी के बैंक खातों और डिजिटल उपकरणों की जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों ने आम जनता से अपील की है कि सोशल मीडिया या मैसेजिंग ऐप पर अनजान लोगों की बातों में न आएं और किसी भी तरह के निवेश से पहले उसकी पूरी जांच करें।
