
लखनऊ। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में लव जिहाद और धर्मांतरण के गंभीर आरोपों के बाद योगी सरकार ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी डॉक्टर रमीजुद्दीन नायक को सस्पेंड कर दिया है। यह मामला तब सामने आया जब पीड़ित महिला डॉक्टर ने खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर अपनी आपबीती बताई और आरोप लगाया कि आरोपी केवल अकेला नहीं है, बल्कि कैंपस में एक गैंग चला रहा है जो छात्रों और अन्य युवाओं को धर्मांतरण के खेल में उलझा रहा है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया और KGMU प्रशासन से पूरी रिपोर्ट तलब की। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण में किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। योगी सरकार ने आरोपी के कैंपस में प्रवेश पर भी पाबंदी लगा दी है और सभी संबंधितों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। KGMU प्रशासन ने तुरंत एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में सभी पहलुओं की जांच की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पीड़िता ने कहा कि आरोपी के इस कृत्य से छात्रों और महिला डॉक्टरों में डर का माहौल बन गया था। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम शिक्षा संस्थानों में सुरक्षित और संरक्षित माहौल बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण संदेश है। योगी सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि धार्मिक और सामाजिक मामलों में किसी भी प्रकार की मनमानी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस मामले की जांच जारी है और KGMU प्रशासन, पुलिस और राज्य सरकार इस पर करीबी निगरानी रख रही है।
