
इस्लामाबाद।
आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के उप प्रमुख द्वारा पाकिस्तान के एक स्कूल में दिए गए भाषण का वीडियो सामने आने के बाद एक बार फिर संगठन और पाकिस्तानी सेना के कथित रिश्तों पर सवाल खड़े हो गए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, भाषण के दौरान उप प्रमुख ने न केवल अपने संगठन की गतिविधियों का जिक्र किया, बल्कि पाकिस्तानी सेना से गहरे और पुराने संबंधों का भी दावा किया।
बताया जा रहा है कि यह कार्यक्रम शैक्षणिक परिसर में आयोजित किया गया था, जहां छात्रों और स्थानीय लोगों की मौजूदगी में यह भाषण दिया गया। इस घटना ने पाकिस्तान में चरमपंथी संगठनों को मिल रहे कथित संरक्षण और उनके खुले तौर पर सार्वजनिक मंचों पर सक्रिय होने को लेकर अंतरराष्ट्रीय चिंता बढ़ा दी है।
सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि स्कूल जैसे संवेदनशील स्थान पर आतंकी संगठन के नेता की मौजूदगी और भाषण, कट्टरपंथी विचारधारा के प्रसार की गंभीर कोशिश को दर्शाता है। हालांकि, इस मामले पर पाकिस्तान सरकार या सेना की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
