विष्णुगढ़ के वरिष्ठ पत्रकार राजेन्द्र दुबे की समसामयिक टिप्पणी 'संस्थान प्रमुख कमजोर हो तो रसूखदार हावी हो जाते हैं'
कमजोर नेतृत्व का फायदा उठा रहे राजनीतिक छुटभैये और उगाहीबाज, सही फैसलों पर लगा ग्रहण, दम तोड़ती न्याय की उम्मीद। पीड़ितों की चीख से ज्यादा दलालों की चाय-पानी को तवज्जो।



